दिनांक : 05-Feb-2023 08:38 PM   रायपुर, छत्तीसगढ़ से प्रकाशन   संस्थापक : पूज्य श्री स्व. भरत दुदानी जी
Follow us : Youtube | Facebook | Twitter English English Hindi Hindi
Shadow

गोवंश को उत्तम चिकित्सा सेवा प्रदान करने के लिए छत्तीसगढ़ में शुरू होगी मुख्यमंत्री गोवंश मोबाइल चिकित्सा योजना

10/09/2022 posted by Priyanka (Media Desk) Chhattisgarh, India    

गोवंश को उत्तम चिकित्सा सेवा प्रदान करने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल के निर्देश पर छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री गोवंश मोबाइल चिकित्सा योजना की शुरुआत की जाएगी। पहले चरण में प्रत्येक जिले में एक अथवा दो चिकित्सा वाहनों से यह योजना शुरू की जाएगी। चरणबद्ध कार्यक्रम के तहत योजना का विस्तार किया जाएगा।

राज्य के प्रत्येक नागरिक के लिए उत्तम स्वास्थ्य सुनिश्चित करने के लिए विकासखंडों से लेकर जिला मुख्यालयों तक सर्वसुविधायुक्त शासकीय अस्पतालों के साथ-साथ मुख्यमंत्री स्लम स्वास्थ्य योजना तथा मुख्यमंत्री हाट-बाजार क्लीनिक योजना का संचालन किया जा रहा है। इसके तहत मोबाइल मेडिकल यूनिटों के माध्यम से शहरी श्रमिक बस्तियों से लेकर दूरस्थ तथा दुर्गम स्थलों में रहने वाले नागरिकों तक बेहतर चिकित्सा सुविधाएं पहुंचाई जा रही है।

इसी तर्ज पर अब पशुधन के संरक्षण एवं संवर्धन के कार्य को आगे बढ़ाते हुए गोवंश के उत्तम स्वास्थ्य के लिए भी मोबाइल चिकित्सा वाहनों का इस्तेमाल किया। जाएगा। वर्तमान में शासकीय पशु-चिकित्सालयों के साथ-साथ राज्य में सुराजी गांव योजना के तहत निर्मित गोठानों में भी पशुधन के स्वास्थ्य की देखभाल की व्यवस्था है। बेहतर पशु स्वास्थ्य के लिए गौठानों में चारागाहों का भी विकास किया गया, ताकि पशुओं के लिए पौष्टिक चारे की व्यवस्था होती रहे। अब नयी योजना के माध्यम से गोवंश की स्वास्थ्य सुविधाओं का और अधिक विस्तार होगा। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने राज्य के मुख्य सचिव श्री अमिताभ जैन को इस संबंध में शीघ्र आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करने को कहा है।

Author Profile

Priyanka (Media Desk)
Priyanka (Media Desk)प्रियंका (Media Desk)
"जय जोहार" आशा करती हूँ हमारा प्रयास "गोंडवाना एक्सप्रेस" आदिवासी समाज के विकास और विश्व प्रचार-प्रसार में क्रांति लाएगा, इंटरनेट के माध्यम से अमेरिका, यूरोप आदि देशो के लोग और हमारे भारत की नवनीतम खबरे, हमारे खान-पान, लोक नृत्य-गीत, कला और संस्कृति आदि के बारे में जानेगे और भारत की विभन्न जगहों के साथ साथ आदिवासी अंचलो का भी प्रवास करने अवश्य आएंगे।