Chhattisgarh

बारदाने की कमी और समय पर धान खरीदी नहीं होने से किसान नाराज, 5 घंटे तक लगाया जाम

बलौदाबाजार | केशकाल से 14 किमी दूर बहिगांव में सोमवार को धान खरीदी में हो रही देरी, बारदाने की कमी के विरोध में किसानों ने राष्ट्रीय राजमार्ग पर चक्काजाम कर दिया। केशकाल विधानसभा के 3 ब्लॉक के किसान हजारों की संख्या में दोपहर 1 बजे हाईवे पर बैठ गए। किसानों ने कहा कि 10-15 दिन पहले से टोकन दे दिया है पर बारदाना नहीं होने से धान नहीं बेच पा रहे हैं।

किसानों ने कहा इससे पहले भी कलेक्टर नीलकंठ टीकाम व विधायक मोहन मरकाम के समक्ष भी उन्होंने अपनी परेशानियों को बताया था। उसके बाद भी प्रशासन द्वारा कोई पहल न होने के कारण उन्होंने धरना प्रदर्शन करने का निर्णय लिया। किसानों ने कहा कि जब तक उनका धान का उचित मूल्य पर खरीदने की व्यवस्था नहीं की जाती तब तक वे धरना प्रदर्शन करते रहेंगे।

चालकों ने रास्ता देने कहा पर नहीं माने किसान

पूरी सड़क पर दोनों ओर से वाहनों की कतार लग गई है। अचानक मार्ग के डायवर्ट नहीं होने से सबसे अधिक परेशानी बस यात्रियों को उठानी पड़ी। इस दौरान कुछ बस यात्रियों और बस चालकों ने किसानों से रास्ता छोड़ने की अपील की। लेकिन किसानों ने अपील नहीं मानी। इसके अलावा मौके पर पहुंचे पुलिस और राजस्व विभाग के अधिकारियों ने किसानों को समझाने की भी कोशिश की जो सफल नहीं रही।

मौके का जायजा लेने एसडीएम दीनदयाल मंडावी, केशकाल तहसीलदार राकेश साहू पहुंचे और किसानों से बात कर उनकी समस्याओं को सुनने के बाद कलेक्टर से बात कर यथाशीघ्र धान खरीदी करवाने का आश्वासन दिया।

44 में से 30 खरीदी केंद्रों में बारदाने नहीं

कोंडागांव में सरकार ने अब तक धान खरीदी केंद्रों में किसानों के लिए बारदाने उपलब्ध नहीं कराए हैं जिसकी वजह से 44 केंद्रों में से 30 खरीदी केंद्रों में बारदाने की समस्या बनी हुई है। धरने में शामिल किसानों ने कहा कि सरकार के पास यदि नए बारदाने नहीं है तो वे पुराने बारदाने में धान खरीदी की व्यवस्था करें। इस प्रकार की व्यवस्था करने से किसानों व खरीदी प्रभारियों को बड़े पैमाने पर राहत मिलेगी।

शाम 6 बजे हटे किसान, तब तक नारायणपुर की ओर से गए वाहन

इधर ट्रैफिक व्यवस्था को सुचारू रूप से चलाने कोंडागांव से होकर जाने वाले इस मार्ग को नारायणपुर की ओर से डायवर्ट कर दिया गया था। जिससे वाहन नारायणपुर की ओर से होते कोंडागांव तक पहुंचे। वहीं दूसरी ओर रायपुर से आने वाली गाड़ियों को दादरगढ़ में रोका गया तो वहीं जगदलपुर से होकर रायपुर जाने वाली गाड़ियों को फरसगांव के पास रोक दिया गया।

शाम 6 बजे एक बार फिर से तहसीलदार और अन्य अधिकारी मौके पर गए और मांगों को जल्द पूरा करने का आश्वासन दिया। जिसके बाद किसानों ने दोपहर एक बजे से जारी चक्काजाम को शाम 6 बजे खत्म कर दिया। तहसीलदार ने कहा कि किसान सबसे अधिक नाराज खरीदी केंद्रों में बारदाने के नहीं होने को लेकर थे।

7 हजार से ज्यादा किसान नहीं बेच पाए धान

धान खरीदी में इस साल 32 हजार 57 किसानों ने धान बेचने पंजीयन कराया था। जिसमें से 25 हजार 574 ने धान बेचा है। बाकी परेशान हो रहे हैं। पंजीकृत किसानों ने 47 हजार 798 हेक्टेयर में लगी फसल बेचने के लिए पंजीयन कराया था।

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